पूर्व शिक्षिका स्वर्गीय श्रीमती लक्ष्मी साहू की स्मृति में विद्यार्थियों को मिलेगी आजीवन छात्रवृत्ति
शिक्षक दिवस पर साहू परिवार की अनुकरणीय पहल, प्रतिभाशाली छात्राओं को 15 हजार की प्रोत्साहन राशि भी प्रदान की गई
अकलतरा – शिक्षक दिवस के अवसर पर शासकीय कन्या पूर्व माध्यमिक शाला, अकलतरा में आयोजित कार्यक्रम उस समय भावुक एवं प्रेरणादायी बन गया, जब विद्यालय की पूर्व शिक्षिका स्वर्गीय श्रीमती लक्ष्मी साहू की स्मृति को चिरस्थायी बनाने के उद्देश्य से उनके पुत्रों ने विद्यालय के विद्यार्थियों के लिए आजीवन छात्रवृत्ति प्रदान करने की घोषणा की, स्वर्गीय श्रीमती लक्ष्मी साहू के पुत्र विनोद साहू, पूर्व एसडीओ फॉरेस्ट, डॉ. राकेश साहू, प्रख्यात शिशु रोग विशेषज्ञ,पूर्व प्राचार्य रवि कुमार साहू एवं व्याख्याता राजीव साहू ने घोषणा की कि जब तक वे जीवित रहेंगे, तब तक इस विद्यालय के विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति प्रदान की जाती रहेगी।
शिक्षक दिवस पर की गई यह घोषणा शिक्षा के प्रति समर्पण, अपनी दिवंगत मां की स्मृति को सम्मान देने तथा आर्थिक रूप से जरूरतमंद एवं प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को आगे बढ़ाने की दिशा में एक अत्यंत अनुकरणीय और प्रेरणादायी पहल के रूप में सामने आई। कार्यक्रम में मौजूद शिक्षकों, विद्यार्थियों एवं अतिथियों ने साहू परिवार की इस पहल की मुक्तकंठ से सराहना की।
मां की स्मृति को शिक्षा की रोशनी से किया चिरस्थायी
स्वर्गीय श्रीमती लक्ष्मी साहू स्वयं शिक्षिका रहीं और उन्होंने शिक्षा के माध्यम से अनेक विद्यार्थियों के भविष्य को संवारने में अपना योगदान दिया। उनके पुत्रों द्वारा उनकी स्मृति में विद्यालय के विद्यार्थियों के लिए आजीवन छात्रवृत्ति प्रारंभ करने का निर्णय इस बात का प्रतीक है कि एक शिक्षक का जीवन समाप्त होने के बाद भी उसके संस्कार और शिक्षा की भावना आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती रहती है।
साहू परिवार की इस पहल के माध्यम से स्वर्गीय श्रीमती लक्ष्मी साहू की स्मृति केवल स्मरण तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि विद्यार्थियों की शिक्षा में निरंतर सहयोग के रूप में जीवंत रहेगी। यह पहल समाज के अन्य सक्षम परिवारों एवं लोगों को भी शिक्षा के क्षेत्र में सहयोग के लिए प्रेरित करने वाली है।
मां सरस्वती की पूजा-अर्चना से हुआ कार्यक्रम का शुभारंभ
शिक्षक दिवस समारोह का शुभारंभ मां सरस्वती की पूजा-अर्चना के साथ किया गया। इसके पश्चात भारत के पूर्व राष्ट्रपति एवं महान शिक्षाविद् सर्वपल्ली डॉ. राधाकृष्णन तथा विद्यालय की पूर्व शिक्षिका स्वर्गीय श्रीमती लक्ष्मी साहू के तैलचित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया गया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं छात्र-छात्राओं द्वारा उपस्थित अतिथियों का पुष्पहार से आत्मीय स्वागत किया गया। शिक्षक दिवस के अवसर पर विद्यालय परिसर में उत्साह, सम्मान और भावनात्मक वातावरण देखने को मिला।
विद्यालय में हुआ प्रेरणादायक ‘छात्र नियंत्रित विद्यालय’ का आयोजन –
समारोह के दौरान विद्यालय में छात्र नियंत्रित विद्यालय का भी आयोजन किया गया। इसमें विद्यार्थियों ने विद्यालय की विभिन्न गतिविधियों एवं दायित्वों को समझते हुए शिक्षकों की भूमिका का अनुभव किया। आयोजन का उद्देश्य विद्यार्थियों में नेतृत्व क्षमता, जिम्मेदारी, अनुशासन एवं आत्मविश्वास की भावना विकसित करना रहा।
इस अवसर पर उपस्थित अतिथियों ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि जीवन में सफलता प्राप्त करने के लिए नियमित रूप से विद्यालय जाना, मन लगाकर अध्ययन करना तथा अनुशासन का पालन करना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों से शिक्षा को अपनी उन्नति का सबसे महत्वपूर्ण माध्यम बनाने का आह्वान किया।
अतिथियों ने कहा कि परिस्थितियां चाहे कैसी भी हों, विद्यार्थी यदि दृढ़ संकल्प के साथ शिक्षा प्राप्त करें तो वे अपने जीवन में ऊंचे मुकाम हासिल कर सकते हैं। उन्होंने छात्राओं को विशेष रूप से प्रोत्साहित करते हुए कहा कि शिक्षा के माध्यम से वे अपने परिवार, समाज और देश का नाम रोशन कर सकती हैं।
प्रतिभाशाली छात्राओं को ₹15 हजार की प्रोत्साहन राशि –
कार्यक्रम के दौरान विद्यालय के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति एवं प्रोत्साहन राशि के रूप में कुल ₹15,000 नगद प्रदान किए गए। प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को उनकी शैक्षणिक उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया गया।
कक्षा आठवीं की चुनिका खंडेल, अंजुम ऑग्रे एवं शैली बंजारे को तीन-तीन हजार रुपये प्रदान किए गए।
इसी प्रकार कक्षा सातवीं के अंकित यादव, किरण भारद्वाज एवं निशु अनंत को पंद्रह-पंद्रह सौ रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई।
वहीं कक्षा छठवीं की मुस्कान, सिमरन एवं सौम्या को पांच-पांच सौ रुपये प्रदान किए गए।
प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को नगद राशि प्रदान कर प्रोत्साहित करने का उद्देश्य उनमें शिक्षा के प्रति उत्साह बढ़ाना और बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करना रहा। राशि प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों के चेहरे पर खुशी एवं उत्साह स्पष्ट दिखाई दिया।
पूर्व प्रधान पाठक ने पहल को बताया अनुकरणीय –
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूर्व प्रधान पाठक रविंद्र सिंह बैस ने साहू परिवार द्वारा स्वर्गीय श्रीमती लक्ष्मी साहू की स्मृति में आजीवन छात्रवृत्ति प्रदान करने की घोषणा को अत्यंत अनुकरणीय एवं सराहनीय पहल बताया। उन्होंने कहा कि किसी दिवंगत व्यक्ति की स्मृति को इससे बेहतर तरीके से जीवित नहीं रखा जा सकता कि उसके नाम पर जरूरतमंद एवं प्रतिभाशाली विद्यार्थियों की शिक्षा में सहयोग किया जाए।
उन्होंने छात्राओं से खूब मन लगाकर पढ़ाई करने तथा अपने लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए निरंतर प्रयास करने का आह्वान किया। साथ ही उन्होंने विद्यालय के सभी शिक्षकों को शिक्षक दिवस की बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।
पिता की स्मृति में भी की जा चुकी है छात्रवृत्ति की पहल
साहू परिवार द्वारा शिक्षा के क्षेत्र में सहयोग की यह पहल पहली बार नहीं की गई है। इसके पूर्व स्वर्गीय श्रीमती लक्ष्मी साहू के पुत्रों द्वारा अपने स्वर्गीय पिता एवं पूर्व प्रधान पाठक मुरारी लाल साहू की स्मृति में ग्राम सांकर, विकासखंड अकलतरा के विद्यार्थियों को भी ₹10,000 की नगद छात्रवृत्ति प्रदान की जा चुकी है।
शिक्षा के क्षेत्र में अपने माता-पिता की स्मृति में छात्रवृत्ति प्रदान करने की इस पहल की उपस्थित लोगों ने सराहना की। लोगों का कहना रहा कि ऐसी पहल न केवल विद्यार्थियों को आर्थिक सहयोग देती है, बल्कि उन्हें अपने जीवन में आगे बढ़ने और बेहतर प्रदर्शन करने के लिए प्रेरणा भी प्रदान करती है।
शिक्षक की स्मृति को विद्यार्थियों के भविष्य से जोड़ने की अनूठी पहल
शिक्षक दिवस पर आयोजित यह कार्यक्रम केवल एक सामान्य समारोह बनकर नहीं रहा, बल्कि इसने गुरु के प्रति सम्मान, शिक्षा के प्रति समर्पण और समाज के प्रति जिम्मेदारी का संदेश दिया। स्वर्गीय श्रीमती लक्ष्मी साहू की स्मृति में आजीवन छात्रवृत्ति की घोषणा ने कार्यक्रम को विशेष महत्व प्रदान किया।
एक ओर जहां शिक्षक दिवस पर डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन को श्रद्धांजलि अर्पित कर शिक्षकों के योगदान को याद किया गया, वहीं दूसरी ओर एक पूर्व शिक्षिका की स्मृति में विद्यार्थियों के भविष्य को संवारने का संकल्प लिया गया। यह संदेश देता है कि शिक्षक का वास्तविक सम्मान तभी सार्थक है, जब उसकी शिक्षण भावना और समाज सेवा की परंपरा को आगे बढ़ाया जाए।
कार्यक्रम का संचालन शिक्षिका अर्चना शर्मा ने किया आभार प्रदर्शन संस्था प्रभारी श्रीमती विमला बघेल ने किया, कार्यक्रम में शिक्षकगण अंबिका कंवर, रामेश्वर प्रसाद जगत, प्रियंका सिंह चौहान, नीलम धीरही, प्रेमलता कुर्रे, धनाराम राय, पुष्पा जायसवाल, कांति साहू, स्नेहा खैरवार सहित विद्यालय के छात्र-छात्राएं एवं अन्य उपस्थितजन मौजूद रहे।
शिक्षक दिवस के अवसर पर साहू परिवार द्वारा की गई आजीवन छात्रवृत्ति की घोषणा ने यह साबित किया कि अपने माता-पिता की स्मृति को सम्मान देने का सबसे सुंदर माध्यम उनकी सेवा, संस्कार और शिक्षा की विरासत को आगे बढ़ाना है। यह पहल निश्चित रूप से विद्यार्थियों के जीवन में शिक्षा की नई रोशनी फैलाने के साथ समाज के लिए भी एक प्रेरणादायी उदाहरण बनेगी।













