राष्ट्रीय एकता दिवस पर अकलतरा में निकली एकता दौड़, सरदार वल्लभभाई पटेल के आदर्शों को आत्मसात करने का दिया संदेश
लौह पुरुष सरदार पटेल की 150वीं जयंती पर पुलिस थाना अकलतरा ने किया आयोजन, शास्त्री चौक से निकली एकता दौड़ में जनप्रतिनिधियों एवं नागरिकों ने उत्साहपूर्वक लिया हिस्सा
अकलतरा – भारत की एकता, अखंडता और संप्रभुता के प्रतीक, देश के प्रथम उप प्रधानमंत्री एवं लौह पुरुष के नाम से विख्यात सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती के अवसर पर 31 अक्टूबर को पूरे देश में राष्ट्रीय एकता दिवस मनाया गया। इस अवसर पर अकलतरा नगर में भी राष्ट्रीय एकता, सामाजिक सद्भाव और आपसी भाईचारे का संदेश देने के उद्देश्य से पुलिस थाना अकलतरा द्वारा प्रातः 7 बजे भव्य एकता दौड़ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में पुलिस अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों एवं नगरवासियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता निभाते हुए देश की एकता और अखंडता को अक्षुण्ण बनाए रखने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ नगर के हृदय स्थल शास्त्री चौक से किया गया। इस अवसर पर एसडीओपी मिखिलेंद्र प्रताप सिंह, थाना प्रभारी जय कुमार साहू, वार्ड क्रमांक 8 के पार्षद धनराज सिंह चौहान सहित जनप्रतिनिधियों एवं गणमान्य नागरिकों की गरिमामयी उपस्थिति रही। एकता दौड़ शास्त्री चौक से प्रारंभ होकर सब्जी मार्केट, भगवान परशुराम मार्ग, स्टेशन रोड, मस्जिद रोड एवं बजरंग चौक होते हुए पुनः शास्त्री चौक पहुंचकर संपन्न हुई। नगर के प्रमुख मार्गों से गुजरती एकता दौड़ के माध्यम से लोगों को राष्ट्र की एकता, अखंडता, सामाजिक समरसता और आपसी सद्भाव बनाए रखने का प्रेरणादायी संदेश दिया गया।
सरदार पटेल का राष्ट्र निर्माण में योगदान सदैव अविस्मरणीय रहेगा – एसडीओपी –
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए एसडीओपी मिखिलेंद्र प्रताप सिंह ने सरदार वल्लभभाई पटेल के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सरदार पटेल का भारतीय राष्ट्र के निर्माण में योगदान अतुलनीय एवं अविस्मरणीय है। उन्होंने स्वतंत्रता प्राप्ति के बाद देश की विभिन्न रियासतों का एकीकरण कर भारत को एक मजबूत और संगठित राष्ट्र बनाने में ऐतिहासिक भूमिका निभाई। उनकी दृढ़ इच्छाशक्ति, अदम्य साहस, दूरदर्शिता और राष्ट्र के प्रति अटूट समर्पण के कारण ही उन्हें लौह पुरुष की उपाधि से सम्मानित किया गया। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल के विचार और आदर्श आज भी प्रत्येक भारतीय के लिए प्रेरणास्रोत हैं। राष्ट्रीय एकता दिवस मनाने का वास्तविक उद्देश्य केवल एक आयोजन तक सीमित नहीं है, बल्कि उनके आदर्शों को अपने जीवन में आत्मसात करना और देश की एकता एवं अखंडता को बनाए रखने के लिए सदैव प्रतिबद्ध रहना है।
एकजुटता और सामाजिक सद्भाव से मजबूत होगा राष्ट्र –
इस अवसर पर थाना प्रभारी जय कुमार साहू ने भी अपने संबोधन में राष्ट्रीय एकता दिवस के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि भारत की सबसे बड़ी ताकत उसकी विविधता में एकता है। अलग-अलग भाषा, संस्कृति, परंपरा और विचारधारा के बावजूद हम सभी भारतीय हैं और राष्ट्र की एकता एवं अखंडता बनाए रखना प्रत्येक नागरिक का नैतिक दायित्व है। उन्होंने नागरिकों से आपसी भाईचारा, सामाजिक सद्भाव और राष्ट्रीय एकता की भावना को मजबूत बनाने का आह्वान किया।
वहीं वार्ड क्रमांक 8 के पार्षद धनराज सिंह चौहान ने सरदार वल्लभभाई पटेल को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए कहा कि देश को एक सूत्र में पिरोने में लौह पुरुष का योगदान भारतीय इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में अंकित है। उनके त्याग, संघर्ष और राष्ट्र के प्रति समर्पण से आज की युवा पीढ़ी को प्रेरणा लेनी चाहिए। उन्होंने कहा कि राष्ट्र की मजबूती तभी संभव है, जब प्रत्येक नागरिक अपने व्यक्तिगत हितों से ऊपर उठकर देशहित को प्राथमिकता दे।
एकता दौड़ ने दिया राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी का संदेश –
राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर आयोजित इस एकता दौड़ का उद्देश्य लोगों को शारीरिक रूप से स्वस्थ रहने के साथ-साथ राष्ट्र के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का एहसास कराना भी रहा। आयोजन के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि देश की एकता और अखंडता केवल सरकार या प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है। समाज में जाति, धर्म, भाषा और क्षेत्र के आधार पर किसी भी प्रकार के भेदभाव से ऊपर उठकर आपसी प्रेम, सद्भाव और भाईचारे को बढ़ावा देना ही सरदार पटेल के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
अकलतरा में आयोजित इस कार्यक्रम ने राष्ट्रीय एकता की भावना को मजबूत करने के साथ ही नगरवासियों को लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल के महान योगदान और उनके राष्ट्र निर्माण के संकल्प को स्मरण करने का अवसर प्रदान किया, कार्यक्रम में अधिवक्ता उमा शंकर चौहान, नगर पालिका के समस्त स्टाफ एवं स्कूल के छात्र-छात्राएं बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
