आजाद ग्रुप के रास गरबा में देर रात तक थिरके नगरवासी, पुष्पराज देवांगन और श्रेया भट्टाचार्य की प्रस्तुतियों ने बांधा समां
प्रिंस सिंह के लाइव बैंड पर गुजराती और छत्तीसगढ़ी गीतों की धुन पर झूमे युवक-युवतियां, बेस्ट कपल, बेस्ट मेकअप एवं बेस्ट ड्रेसअप का पुरस्कार देकर प्रतिभागियों को किया गया सम्मानित
अकलतरा। शारदीय नवरात्रि के पावन पर्व पर अकलतरा नगर में भक्ति, संगीत और उत्साह का अनूठा संगम देखने को मिला। आजाद ग्रुप अकलतरा द्वारा आकाश टॉकीज के बगल में आयोजित भव्य रास गरबा कार्यक्रम में नगरवासियों ने पूरे उत्साह के साथ भागीदारी निभाई। सुप्रसिद्ध गायक पुष्पराज देवांगन एवं गायिका और एंकर श्रेया भट्टाचार्य की शानदार संगीत प्रस्तुतियों ने ऐसा समां बांधा कि युवक-युवतियों के साथ महिलाएं और कपल भी गरबा की धुन पर थिरकने लगे। वहीं, प्रिंस सिंह के लाइव बैंड की मनमोहक प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में चार चांद लगा दिए। पारंपरिक गुजराती गरबा से लेकर लोकप्रिय छत्तीसगढ़ी गीतों तक, संगीत की हर धुन पर प्रतिभागियों ने अपनी नृत्य प्रतिभा का प्रदर्शन किया। आयोजन समिति द्वारा उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को बेस्ट कपल, बेस्ट मेकअप एवं बेस्ट ड्रेसअप पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया। नवरात्रि के उत्सवी माहौल में आयोजित इस कार्यक्रम ने नगर की सांस्कृतिक परंपराओं को नई ऊर्जा देने के साथ सामाजिक एकता और आपसी सद्भाव का संदेश भी दिया।
मां दुर्गा की आरती एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुआ शुभारंभ-
आजाद ग्रुप द्वारा आयोजित रास गरबा कार्यक्रम का शुभारंभ धार्मिक परंपराओं के अनुरूप मां दुर्गा की आरती एवं दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर मंजू सिंह, गौरी सिंह चौहान, अनिता सिंह एवं स्वाति सिंह सिसोदिया ने मां दुर्गा की आरती कर कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया।
नवरात्रि के पावन अवसर पर मां दुर्गा की आराधना के साथ शुरू हुए इस आयोजन में भक्ति और उत्साह का विशेष वातावरण देखने को मिला। कार्यक्रम स्थल को आकर्षक ढंग से सजाया गया था। पारंपरिक परिधानों में सजे युवक-युवतियों एवं महिलाओं की उपस्थिति ने आयोजन की सुंदरता को और बढ़ा दिया।
रास गरबा केवल एक नृत्य आयोजन नहीं, बल्कि मां दुर्गा की आराधना, गुजरात की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और सामूहिक उल्लास का प्रतीक है। इसी भावना के साथ आजाद ग्रुप द्वारा आयोजित कार्यक्रम में नगरवासियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने और नवरात्रि पर्व का आनंद लेने का अवसर मिला।
विधायक राघवेन्द्र कुमार सिंह ने कहा—ऐसे आयोजन से बढ़ता है आपसी सद्भाव-
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक राघवेन्द्र कुमार सिंह ने कहा कि आजाद ग्रुप द्वारा नवरात्रि पर्व के अवसर पर रास गरबा कार्यक्रम का आयोजन करना सराहनीय पहल है। ऐसे सांस्कृतिक आयोजनों से नगर में आपसी सद्भाव और सामाजिक एकता को बढ़ावा मिलता है। जब समाज के विभिन्न वर्गों के लोग एक साथ मिलकर धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भाग लेते हैं, तो आपसी मेलजोल बढ़ता है और सामाजिक संबंध मजबूत होते हैं।
उन्होंने कहा कि नवरात्रि का पर्व मां दुर्गा की आराधना, शक्ति की उपासना और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक है। इस अवसर पर गरबा जैसे पारंपरिक सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन हमारी समृद्ध परंपराओं को आगे बढ़ाने का महत्वपूर्ण माध्यम है। ऐसे आयोजन नगर की सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करते हैं और नई पीढ़ी को अपनी परंपराओं से जोड़ते हैं।
विधायक ने आयोजन समिति के प्रयासों की सराहना करते हुए कार्यक्रम की सफलता के लिए शुभकामनाएं दीं।
गुजरात की गरबा परंपरा ने पूरे देश में बनाई पहचान : दिनेश सिंह
कार्यक्रम में दिनेश सिंह ने गरबा की सांस्कृतिक महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि गुजरात से जुड़ी गरबा की परंपरा आज देशभर में लोकप्रिय हो चुकी है। नवरात्रि के अवसर पर भारत के विभिन्न शहरों और कस्बों में गरबा के आयोजन किए जाते हैं, जिनमें बड़ी संख्या में लोग उत्साहपूर्वक भाग लेते हैं।
उन्होंने कहा कि गरबा जैसे आयोजन लोगों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर देने के साथ-साथ भारतीय संस्कृति और पारंपरिक लोककलाओं को संरक्षित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे कार्यक्रमों के माध्यम से नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत को समझने और उसे आगे बढ़ाने की प्रेरणा मिलती है।
उन्होंने आजाद ग्रुप द्वारा नगर में रास गरबा कार्यक्रम आयोजित करने की सराहना करते हुए कहा कि अकलतरा में इस तरह के सांस्कृतिक आयोजन लगातार होते रहने चाहिए, ताकि नगर के लोगों को अपनी प्रतिभा दिखाने और त्योहारों को सामूहिक रूप से मनाने का अवसर मिलता रहे।
मंजू सिंह ने की पारंपरिक परिधानों में गरबा करने वाली प्रतिभागियों की सराहना-
कार्यक्रम के दौरान मंजू सिंह ने कहा कि रास गरबा नवरात्रि पर्व की एक महत्वपूर्ण सांस्कृतिक परंपरा है। इस आयोजन में नगर की युवतियों एवं महिलाओं ने पारंपरिक परिधान पहनकर गरबा प्रस्तुत किया, जो आकर्षण का प्रमुख केंद्र रहा।
उन्होंने कहा कि पारंपरिक वेशभूषा और लोकनृत्य हमारी सांस्कृतिक पहचान का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। जब युवा पीढ़ी इन परंपराओं को उत्साह के साथ अपनाती है, तो हमारी सांस्कृतिक विरासत और अधिक मजबूत होती है।
मंजू सिंह ने नगर में ऐसे आयोजनों को निरंतर आयोजित किए जाने की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि इससे महिलाओं और युवतियों को अपनी कला एवं प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर मिलता है। साथ ही, समाज में आपसी मेलजोल और सामूहिक सहभागिता की भावना भी विकसित होती है।
पुष्पराज देवांगन और श्रेया भट्टाचार्य की प्रस्तुतियों ने जीता दिल-
रास गरबा कार्यक्रम का सबसे बड़ा आकर्षण सुप्रसिद्ध गायक पुष्पराज देवांगन एवं गायिका और एंकर श्रेया भट्टाचार्य की संगीत प्रस्तुतियां रहीं। दोनों कलाकारों ने अपनी शानदार गायकी और मंचीय प्रस्तुति से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
कार्यक्रम में लोकप्रिय गीत ‘ढोली तारो ढोल बाजे’ सहित गुजराती गरबा गीतों की प्रस्तुति ने माहौल को पूरी तरह गरबामय बना दिया। वहीं, छत्तीसगढ़ी गीत ‘आमा पान के पतरी’ की धुन पर भी प्रतिभागी जमकर थिरके।
कलाकारों ने नवरात्रि से जुड़े गीतों और लोकप्रिय संगीत के माध्यम से ऐसा वातावरण तैयार किया कि कार्यक्रम में मौजूद युवक-युवतियां, महिलाएं और कपल अपने कदमों को थिरकने से रोक नहीं सके। संगीत की लय, पारंपरिक गरबा की गोलाकार नृत्य शैली और प्रतिभागियों के उत्साह ने कार्यक्रम को यादगार बना दिया।
पुष्पराज देवांगन की गायकी और श्रेया भट्टाचार्य की आकर्षक प्रस्तुति ने दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया। जैसे-जैसे कार्यक्रम आगे बढ़ा, वैसे-वैसे प्रतिभागियों का उत्साह भी बढ़ता गया। पूरे आयोजन के दौरान नवरात्रि पर्व की उमंग और सांस्कृतिक उल्लास का वातावरण बना रहा।
प्रिंस सिंह के लाइव बैंड पर थिरके युवक-युवतियां और महिलाएं-
रास गरबा कार्यक्रम में प्रिंस सिंह के लाइव बैंड की प्रस्तुतियां भी विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं। लाइव संगीत की धुनों पर नगरवासियों ने गरबा और रास का आनंद लिया। मंच से गूंजते गीतों और संगीत की लय के साथ प्रतिभागियों ने सामूहिक रूप से नृत्य किया।
कार्यक्रम में केवल युवतियों और महिलाओं ने ही नहीं, बल्कि युवक और कपल भी पूरे उत्साह के साथ शामिल हुए। पारंपरिक गरबा की प्रस्तुतियों के बीच आधुनिक संगीत और लोकप्रिय गीतों का संगम देखने को मिला।
नगर के लोगों ने एक साथ गरबा करते हुए नवरात्रि पर्व की खुशियां साझा कीं। कार्यक्रम ने यह संदेश दिया कि सांस्कृतिक आयोजन समाज के विभिन्न वर्गों को एक मंच पर लाकर आपसी मेलजोल और भाईचारे को मजबूत बनाते हैं।
लाइव बैंड की प्रस्तुति ने आयोजन में नई ऊर्जा का संचार किया।
प्रतिभागियों के उत्साह और दर्शकों की सहभागिता ने रास गरबा कार्यक्रम को अकलतरा के नवरात्रि आयोजनों में विशेष पहचान दिलाई।
बेस्ट कपल, बेस्ट मेकअप और बेस्ट ड्रेसअप पुरस्कार से प्रतिभागियों का बढ़ाया उत्साह-
रास गरबा कार्यक्रम को और अधिक आकर्षक बनाने के लिए आजाद ग्रुप की आयोजन समिति द्वारा विभिन्न श्रेणियों में पुरस्कार प्रदान किए गए। इनमें बेस्ट कपल, बेस्ट मेकअप एवं बेस्ट ड्रेसअप प्रमुख रहे।
प्रतिभागियों ने पारंपरिक गुजराती परिधानों और आकर्षक वेशभूषा में गरबा प्रस्तुत कर अपनी कला का प्रदर्शन किया। रंग-बिरंगे पारंपरिक परिधान, साज-सज्जा और नृत्य की आकर्षक मुद्राओं ने कार्यक्रम में चार चांद लगा दिए।
आयोजन समिति द्वारा उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। इस पहल से प्रतिभागियों का उत्साह बढ़ा और उन्हें अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के लिए प्रोत्साहन मिला।
बेस्ट कपल श्रेणी ने जहां जोड़ों की सामूहिक नृत्य प्रस्तुति को प्रोत्साहित किया, वहीं बेस्ट मेकअप एवं बेस्ट ड्रेसअप के माध्यम से प्रतिभागियों की रचनात्मकता, पारंपरिक वेशभूषा और आकर्षक सज्जा को सराहना मिली।
इस प्रकार कार्यक्रम में संगीत, नृत्य और पारंपरिक परिधानों के साथ प्रतिभागियों के बीच उत्साहपूर्ण माहौल देखने को मिला।
अतिथियों एवं आयोजकों को स्मृति चिह्न देकर किया सम्मानित-
कार्यक्रम के दौरान आजाद ग्रुप द्वारा अतिथियों एवं आयोजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले आयोजकों को स्मृति चिह्न प्रदान कर सम्मानित किया गया। आयोजन समिति ने कार्यक्रम में सहभागिता निभाने वाले सभी लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर पल्लवी सिंह, एसडीएम सुमित बघेल, नगर पालिका उपाध्यक्ष दिवाकर राणा, भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा के जिला महामंत्री रूपेश जैन, नेहा जैन, आकांक्षा सिंह सिसोदिया, भावना सिंह, गरिमा सिंह, सीमा सिंह, सेजल जैन, प्रतिपाल सिंह, डॉ. रामायण सिंह, महेश्वर टंडन, गगन सिंघानिया, करन सिंह, उमाकांत भारते, दिनेश दास महंत, सुरेश सिंह राज, मिलु साहू, गजेंद्र सिंह राठौड़, कल्याण सिंह चौहान, सौरभ जैन, विक्की माधवानी, राहुल अरोरा, अविनाश सिंह, चंदन शर्मा एवं राजू जैन सहित आजाद ग्रुप के समस्त सदस्य और नगरवासी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
सांस्कृतिक विरासत को सहेजने की पहल बना आजाद ग्रुप का रास गरबा-
अकलतरा में आजाद ग्रुप द्वारा आयोजित रास गरबा कार्यक्रम ने धार्मिक आस्था, संगीत, नृत्य और सांस्कृतिक परंपराओं को एक मंच पर लाने का कार्य किया। मां दुर्गा की आराधना से शुरू हुआ यह आयोजन लोकप्रिय गायकों की प्रस्तुतियों, लाइव बैंड और प्रतिभागियों के उत्साह के साथ यादगार बन गया।
कार्यक्रम की विशेषता यह रही कि इसमें नगर की युवतियों, महिलाओं, युवाओं और कपल ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। पारंपरिक गुजराती गरबा के साथ छत्तीसगढ़ी गीतों की प्रस्तुति ने स्थानीय संस्कृति और देश की विविध लोकपरंपराओं के सुंदर संगम को प्रदर्शित किया।
ऐसे आयोजन न केवल त्योहारों की खुशियों को बढ़ाते हैं, बल्कि लोगों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने, सांस्कृतिक विरासत को समझने और सामाजिक एकता को मजबूत बनाने का अवसर भी प्रदान करते हैं।
आजाद ग्रुप के इस आयोजन ने अकलतरा में नवरात्रि उत्सव की रौनक को और बढ़ाते हुए यह संदेश दिया कि जब धार्मिक आस्था के साथ संस्कृति, संगीत और सामाजिक सहभागिता का संगम होता है, तब त्योहार केवल उत्सव नहीं, बल्कि पूरे समाज को जोड़ने का माध्यम बन जाते हैं।
