वेल विशर फाउंडेशन ने कलेक्टर एवं एसपी को राखी भेंट कर दी रक्षाबंधन की शुभकामनाएं
सामाजिक सरोकारों एवं जनकल्याण के विषयों पर हुई सार्थक चर्चा, एसपी ने संस्था सदस्यों को बांधी ‘साइबर सुरक्षा राखी’
अकलतरा – भाई-बहन के पवित्र प्रेम, विश्वास और सुरक्षा के प्रतीक रक्षाबंधन पर्व के अवसर पर सामाजिक संस्था वेल विशर फाउंडेशन द्वारा सामाजिक सरोकार और जनकल्याण की भावना को केंद्र में रखते हुए विशेष पहल की गई। संस्था की महिला सदस्यों ने जिले के कलेक्टर जनमेजय महोबे एवं पुलिस अधीक्षक विजय पांडेय से मुलाकात कर उन्हें राखी भेंट की तथा रक्षाबंधन पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं प्रेषित कीं।
रक्षाबंधन के अवसर पर हुई इस आत्मीय मुलाकात में केवल पर्व की शुभकामनाओं का आदान-प्रदान ही नहीं हुआ, बल्कि समाजहित, जनकल्याण, सामाजिक जागरूकता एवं जरूरतमंद वर्गों के लिए किए जा रहे कार्यों को लेकर भी विस्तार से सार्थक चर्चा हुई। संस्था के प्रतिनिधियों ने जिले में सामाजिक जिम्मेदारी से जुड़े विभिन्न विषयों पर अपने विचार साझा किए तथा भविष्य में सेवा एवं जनकल्याण के कार्यों को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में चर्चा की।
कलेक्टर एवं एसपी ने सराहा संस्था का कार्य
कलेक्टर जनमेजय महोबे एवं पुलिस अधीक्षक विजय पांडेय ने वेल विशर फाउंडेशन द्वारा समाजहित में किए जा रहे कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा कि सामाजिक संस्थाओं की सक्रिय भागीदारी से जनकल्याणकारी गतिविधियों को और मजबूती मिलती है। समाज के विभिन्न वर्गों तक जागरूकता और सहायता पहुंचाने में स्वयंसेवी संस्थाओं की भूमिका महत्वपूर्ण है।
इस दौरान पुलिस अधीक्षक विजय पांडेय द्वारा संस्था के सदस्यों को ‘साइबर सुरक्षा राखी’ बांधी गई। इस पहल के माध्यम से रक्षाबंधन के पारंपरिक संदेश को आधुनिक समय की साइबर सुरक्षा से जोड़ते हुए लोगों को साइबर अपराधों के प्रति सतर्क रहने और जागरूकता फैलाने का संदेश दिया गया।
जरूरतमंदों की सेवा एवं जनकल्याण के कार्यों को प्रभावी बनाने पर जोर
वेल विशर फाउंडेशन के अध्यक्ष आविनाश सिंह ने संस्था द्वारा समाज के जरूरतमंद वर्गों के हित में किए जा रहे विभिन्न सेवा कार्यों की जानकारी कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक को दी। उन्होंने कहा कि संस्था का उद्देश्य समाज के ऐसे लोगों तक सहायता एवं सेवा पहुंचाना है, जिन्हें इसकी वास्तविक आवश्यकता है।
उन्होंने भविष्य में जनकल्याण एवं सामाजिक सरोकारों से जुड़े कार्यों को और अधिक व्यापक एवं प्रभावी बनाने की दिशा में संस्था की योजनाओं से भी अधिकारियों को अवगत कराया। साथ ही सेवा कार्यों में प्रशासन एवं पुलिस के सहयोग और मार्गदर्शन की अपेक्षा व्यक्त की।
रक्षाबंधन सामाजिक एकजुटता का भी पर्व : चिराग शर्मा
संस्था के सचिव चिराग शर्मा ने कहा कि रक्षाबंधन केवल भाई-बहन के प्रेम और विश्वास का पर्व नहीं है, बल्कि यह समाज में आपसी सहयोग, सामाजिक एकजुटता, सुरक्षा और जिम्मेदारी की भावना को मजबूत करने का अवसर भी है। रक्षा सूत्र हमें एक-दूसरे के प्रति अपने कर्तव्यों और जिम्मेदारियों का स्मरण कराता है।
उन्होंने कहा कि इसी सकारात्मक भावना के साथ वेल विशर फाउंडेशन समाजहित, जनकल्याण एवं जरूरतमंदों की सेवा के कार्यों को निरंतर आगे बढ़ाने के लिए संकल्पित है। संस्था का प्रयास है कि सामाजिक जागरूकता से जुड़े विषयों को जन-जन तक पहुंचाया जाए तथा लोगों को सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक किया जाए।
‘साइबर सुरक्षा राखी’ ने दिया आधुनिक सुरक्षा का संदेश
रक्षाबंधन के इस आयोजन में साइबर सुरक्षा राखी विशेष आकर्षण का केंद्र रही। वर्तमान समय में बढ़ते साइबर अपराधों को देखते हुए साइबर जागरूकता को रक्षाबंधन जैसे महत्वपूर्ण पर्व से जोड़ना समाज में एक सकारात्मक संदेश देने वाला प्रयास रहा।
साइबर ठगी से बचाव, अनजान लिंक से सावधानी, ओटीपी एवं बैंक संबंधी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा नहीं करने तथा सोशल मीडिया का सुरक्षित उपयोग करने जैसे विषयों पर लोगों को जागरूक करना आज समय की आवश्यकता है। इस दिशा में संस्था एवं पुलिस के बीच समन्वय से जागरूकता गतिविधियों को और गति मिलने की उम्मीद व्यक्त की गई।
जिलेवासियों को दी रक्षाबंधन की शुभकामनाएं
इस अवसर पर संस्था के वरिष्ठ सदस्य श्रीपाल सिंह बैस एवं प्रेम निर्मलकर ने जिले के सभी नागरिकों को रक्षाबंधन पर्व की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं प्रेषित कीं। उन्होंने कहा कि यह पर्व जिलेवासियों के जीवन में प्रेम, सुख, शांति, समृद्धि और आपसी भाईचारा लेकर आए तथा समाज में सहयोग और सद्भाव की भावना और मजबूत हो।
वेल विशर फाउंडेशन की इस पहल ने रक्षाबंधन पर्व को सामाजिक जिम्मेदारी, जनसेवा और साइबर जागरूकता से जोड़ते हुए एक सार्थक संदेश दिया। अधिकारियों और संस्था के प्रतिनिधियों के बीच हुई यह मुलाकात सामाजिक संस्थाओं, प्रशासन और पुलिस के बीच बेहतर समन्वय के माध्यम से जनहित के कार्यों को नई दिशा देने की दृष्टि से महत्वपूर्ण रही।
