देवरी पिकनिक स्पॉट में बड़ा हादसा: तीन इंजीनियरिंग छात्र पानी के तेज बहाव में बहे
चौकसे इंजीनियरिंग कॉलेज बिलासपुर के 8 छात्र-छात्राएं पहुंचे थे पिकनिक मनाने, अंधेरा होने पर रेस्क्यू ऑपरेशन रोका गया; 12 सितंबर की सुबह फिर शुरू होगी तलाश
बलौदा – बलौदा क्षेत्र के समीप स्थित प्रसिद्ध देवरी पिकनिक स्पॉट में शुक्रवार को उस समय बड़ा हादसा हो गया, जब पिकनिक मनाने पहुंचे चौकसे इंजीनियरिंग कॉलेज, बिलासपुर के तीन छात्र नहाने के दौरान पानी के तेज बहाव में बह गए। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। साथियों ने तीनों छात्रों को बचाने का प्रयास किया, लेकिन पानी के तेज बहाव के कारण वे देखते ही देखते लापता हो गए।
घटना की सूचना मिलते ही बलौदा पुलिस तत्काल घटनास्थल पर पहुंची और गोताखोरों की मदद से छात्रों की तलाश शुरू की गई। देर शाम तक रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया, लेकिन अंधेरा बढ़ने और तलाशी अभियान में कठिनाई आने के कारण अभियान रोकना पड़ा। अब 12 सितंबर की सुबह उजाला होने के बाद दोबारा बड़े स्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया जाएगा।
पिकनिक मनाने पहुंचे थे आठ छात्र-छात्राएं –
प्राप्त जानकारी के अनुसार चौकसे इंजीनियरिंग कॉलेज बिलासपुर से चार छात्र और चार छात्राएं, कुल आठ लोग, शुक्रवार को दोपहर 12 बजे पिकनिक मनाने के लिए देवरी पिकनिक स्पॉट पहुंचे थे। बताया गया कि सभी लोग बिलासपुर से रवाना होकर दोपहर करीब 12 बजे देवरी पहुंचे थे।
पिकनिक के दौरान दोपहर 2 बजे कुछ छात्र पानी में नहाने के लिए उतरे। इसी दौरान अचानक पानी के तेज बहाव की चपेट में आने से तीन छात्र बह गए।
पानी में बहने वाले छात्रों की पहचान—
मुरारी साहू, पिता उत्तम साहू, उम्र 22 वर्ष, थाना पंडरिया, जिला कवर्धा
पवन पाल, पिता मनोरथ पाल, उम्र 23 वर्ष, निवासी चिरमिरी
सचिन सिंह, पिता यशवंत सिंह, उम्र 23 वर्ष, निवासी अंबिकापुर
के रूप में हुई है।
साथियों ने बचाने की कोशिश की, लेकिन तेज बहाव में बहते चले गए
बताया जा रहा है कि तीनों छात्र जब पानी में नहा रहे थे, उसी दौरान वे तेज बहाव की चपेट में आ गए। उनके साथ मौजूद अन्य साथियों ने उन्हें बचाने का प्रयास किया, लेकिन बहाव इतना तेज था कि तीनों छात्र पानी के साथ दूर तक बहते चले गए।
घटना के बाद साथ मौजूद छात्र-छात्राओं में हड़कंप मच गया। तत्काल इसकी सूचना पुलिस को दी गई, जिसके बाद पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया।
बलौदा पुलिस और गोताखोरों ने शुरू किया सघन तलाशी अभियान –
घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी बलौदा मनोहर सिन्हा पुलिस टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने स्थानीय स्तर पर उपलब्ध संसाधनों के साथ-साथ गोताखोरों की सहायता से पानी के भीतर और आसपास के संभावित स्थानों पर छात्रों की तलाश शुरू की।
पुलिस टीम द्वारा घटनास्थल के आसपास मौजूद लोगों और पिकनिक मनाने आए अन्य छात्र-छात्राओं से भी जानकारी जुटाई गई। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि तीनों छात्रों को आखिरी बार पानी में किस स्थान पर देखा गया था और घटना के समय उनके आसपास कौन-कौन लोग मौजूद थे।
जिला प्रशासन ने भी भेजी रेस्क्यू टीम –
घटना की गंभीरता को देखते हुए इसकी जानकारी जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई। इसके बाद जिला प्रशासन की ओर से भी रेस्क्यू टीम को घटनास्थल के लिए रवाना किया गया।
हालांकि शाम ढलने के बाद अंधेरा बढ़ जाने से पानी में तलाशी अभियान चलाना मुश्किल हो गया। सुरक्षा कारणों को देखते हुए देर शाम रेस्क्यू ऑपरेशन रोक दिया गया। प्रशासन एवं पुलिस की टीम अब 12 सितंबर की सुबह पर्याप्त उजाले के साथ पुनः रेस्क्यू अभियान शुरू करेगी।
तीनों छात्रों के परिजनों में चिंता और बेचैनी –
तीनों छात्रों के पानी में बहने की खबर जैसे ही उनके परिजनों तक पहुंची, परिवार में चिंता और बेचैनी का माहौल निर्मित हो गया। परिजन अपने स्तर पर भी छात्रों के संबंध में जानकारी जुटाने में लगे हुए हैं। घटनास्थल पर भी लोगों की भीड़ जुट गई।
परिजन और साथी छात्र लगातार इस उम्मीद में हैं कि रेस्क्यू टीम जल्द से जल्द तीनों छात्रों का पता लगाने में सफल होगी।
पिकनिक स्पॉट की सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल –
देवरी क्षेत्र प्राकृतिक सौंदर्य और मनोरम वातावरण के कारण आसपास के क्षेत्रों में लोकप्रिय पिकनिक स्थल माना जाता है। यहां बड़ी संख्या में लोग परिवार एवं दोस्तों के साथ घूमने और पिकनिक मनाने पहुंचते हैं। ऐसे में पानी के तेज बहाव वाले क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था और चेतावनी संकेतों की मौजूदगी को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार बरसात के मौसम में नदी, नाले और जलाशयों में पानी का बहाव अचानक तेज हो सकता है। ऐसे स्थानों पर पर्यटकों को विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता होती है।
सुबह फिर शुरू होगी तलाश, सकुशल मिलने की उम्मीद –
फिलहाल पुलिस और प्रशासन की प्राथमिकता तीनों लापता छात्रों की तलाश कर उन्हें जल्द से जल्द खोज निकालना है। अंधेरा होने के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन रोक दिया गया है, लेकिन सुबह होते ही पुनः सघन तलाशी अभियान चलाया जाएगा।
समाचार लिखे जाने तक मुरारी साहू, पवन पाल और सचिन सिंह का कोई स्पष्ट सुराग नहीं मिल सका था। पुलिस एवं प्रशासन की टीमें लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। वहीं परिजन और साथी छात्र तीनों युवकों के सकुशल मिलने की प्रार्थना कर रहे हैं।













