अंधियारीपाठ में बिजली कटौती से जनता परेशान, पार्षद ने दिया बिजली विभाग को 15 दिन का अल्टीमेटम
दिन में 20 से 25 बार बिजली गुल होने का दावा, चार माह पहले दिए आश्वासन के बावजूद समस्या जस की तस; आंदोलन की चेतावनी
अकलतरा – नगर पालिका परिषद अकलतरा के वार्ड क्रमांक 19 अंधियारीपाठ, मंडी रोड एवं नायक टांड क्षेत्र में लगातार हो रही बिजली कटौती को लेकर एक बार फिर लोगों का आक्रोश सामने आया है। क्षेत्र में बार-बार बिजली गुल होने से जहां आमजन को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, वहीं विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। वार्डवासियों का कहना है कि बिजली की अनियमित आपूर्ति के कारण रोजमर्रा के कामकाज से लेकर व्यापार एवं अन्य आवश्यक गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं।
क्षेत्र की विद्युत समस्या को लेकर वार्ड पार्षद देवनारायण बरेठ (पिन्टू) ने कार्यपालन अभियंता, राज्य विद्युत मंडल अकलतरा को ज्ञापन सौंपकर समस्या के स्थायी समाधान की मांग की। पार्षद ने ज्ञापन के माध्यम से मांग की है कि अंधियारीपाठ, मंडी रोड एवं नायक टांड क्षेत्र के विद्युत कनेक्शन को सीसीआई (CCI) फीडर से हटाकर अकलतरा नगर के मुख्य टाउन फीडर से जोड़ा जाए, ताकि क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति व्यवस्था सुचारू हो सके।
दिन में 20 से 25 बार बिजली गुल होने का दावा –
पार्षद देवनारायण बरेठ ने बताया कि अंधियारीपाठ सहित आसपास के क्षेत्रों में लंबे समय से बिजली की समस्या बनी हुई है। उनके अनुसार क्षेत्र में दिन के दौरान 20 से 25 बार तक बिजली बंद होने की स्थिति निर्मित हो जाती है। बार-बार बिजली आने-जाने से विद्युत उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ता है और विद्युत उपकरणों पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका बनी रहती है।
लगातार विद्युत व्यवधान के कारण घरेलू उपभोक्ताओं के साथ-साथ छोटे व्यापारियों, दुकानदारों, विद्यार्थियों एवं अन्य लोगों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि लंबे समय से समस्या की जानकारी संबंधित अधिकारियों को दिए जाने के बावजूद अपेक्षित सुधार नहीं होने से अब लोगों की नाराजगी बढ़ती जा रही है।
18 मई को किया गया था बिजली कार्यालय का घेराव
पार्षद के अनुसार बिजली की समस्या को लेकर क्षेत्रवासियों ने पहले भी कई बार संबंधित विभाग के समक्ष शिकायत एवं आवेदन प्रस्तुत किए हैं। समस्या का समाधान नहीं होने पर 18 मई 2026 को मोहल्लेवासियों के साथ मिलकर बिजली कार्यालय का घेराव भी किया गया था।
उस दौरान विद्युत विभाग के अधिकारियों द्वारा समस्या के समाधान का आश्वासन देते हुए 30 से 45 दिनों के भीतर अंधियारीपाठ, मंडी रोड एवं नायक टांड क्षेत्र को मुख्य टाउन फीडर से जोड़ने का लिखित आश्वासन दिया गया था। पार्षद का कहना है कि आश्वासन दिए जाने के बाद लगभग चार माह का समय बीत चुका है, लेकिन अभी तक संबंधित कार्य प्रारंभ नहीं किया गया है।
आश्वासन के बाद भी कार्रवाई नहीं होने से बढ़ा आक्रोश –
पार्षद ने कहा कि विद्युत विभाग द्वारा निर्धारित समय-सीमा में कार्य पूरा नहीं होने से वार्डवासियों में भारी असंतोष है। लोगों का कहना है कि यदि समस्या के स्थायी समाधान के लिए फीडर परिवर्तन आवश्यक है, तो विभाग को इस दिशा में शीघ्र कार्रवाई करनी चाहिए। बार-बार बिजली कटौती के कारण लोगों को हो रही परेशानी को देखते हुए अब केवल आश्वासन के बजाय धरातल पर कार्यवाही की आवश्यकता है।
उन्होंने कहा कि क्षेत्रवासियों द्वारा लगातार सहयोग करते हुए विभाग को अपनी समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन लंबे समय से समाधान नहीं होने के कारण अब स्थिति गंभीर होती जा रही है।
15 दिन का अल्टीमेटम आंदोलन की चेतावनी –
वार्ड पार्षद देवनारायण बरेठ ने विद्युत विभाग को 15 दिवस का अल्टीमेटम देते हुए स्पष्ट चेतावनी दी है कि निर्धारित अवधि के भीतर अंधियारीपाठ, मंडी रोड एवं नायक टांड के विद्युत कनेक्शन को सीसीआई फीडर से हटाकर अकलतरा मुख्य टाउन फीडर से जोड़ने की कार्रवाई नहीं की गई तो समस्त वार्डवासियों के साथ मिलकर उग्र आंदोलन एवं धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।
पार्षद ने कहा कि आंदोलन की स्थिति उत्पन्न होने पर इसकी संपूर्ण जवाबदारी शासन-प्रशासन एवं संबंधित विद्युत विभाग की होगी। उन्होंने विद्युत विभाग के अधिकारियों से आग्रह किया है कि वार्डवासियों की समस्या को गंभीरता से लेते हुए समय-सीमा के भीतर आवश्यक तकनीकी एवं प्रशासनिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति व्यवस्था में सुधार हो सके।
स्थायी समाधान की मांग –
अंधियारीपाठ, मंडी रोड एवं नायक टांड के रहवासियों की मांग है कि बिजली कटौती की समस्या का अस्थायी समाधान करने के बजाय फीडर व्यवस्था में आवश्यक सुधार कर स्थायी समाधान किया जाए। क्षेत्रवासियों का कहना है कि लंबे समय से चली आ रही इस समस्या का निराकरण अब प्राथमिकता के आधार पर होना चाहिए।
अब देखना होगा कि विद्युत विभाग 15 दिनों के भीतर पार्षद द्वारा दिए गए अल्टीमेटम पर क्या कार्रवाई करता है और क्या वर्षों पुरानी विद्युत समस्या का स्थायी समाधान हो पाता है। फिलहाल फीडर परिवर्तन की मांग को लेकर क्षेत्र में लोगों की निगाहें विद्युत विभाग की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।












